रायपुर : प्रधानमंत्री मोदी के छत्तीसगढ़ प्रवास पर कांग्रेस ने उनसे सवाल
पूछा है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि मोदी जी विधानसभा चुनाव में
मोदी की गारंटी के नाम से छत्तीसगढ़ की जनता से भाजपा ने वादा किया था जब भाजपा की
सरकार बनेगी तो इन वादों को पूरा किया जायेगा, आज भी वे वादे पूरे नहीं हुए। आपने
खुद कहा था यह वादे मोदी की गारंटी है इसे पूरा करने की जवाबदारी मेरी है। आपकी
सरकार इन वादों को पूरा नहीं कर रही है तो क्या आप इसकी नैतिक जिम्मेदारी लेने का
साहस दिखायेंगे।
2023 के मोदी की गारंटी के वादे जो आज भी पूरे नहीं हुए-
1. 500 रू. में सिलेंडर देने का वादा था - हम गरीब परिवारों की
महिलाओं को 500 रू. में गैस सिलेंडर प्रदान करेंगे। 1
भी महिलाओं को नहीं मिला चुनावी जुमला साबित हुआ।
2. मासिक ट्रेवल अलॉवंस का वादा था - हम छात्रों को कॉलेज आने-जाने के लिए
डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के माध्यम से मासिक ट्रेवल अलॉवंस प्रदान करेंगे। 1
साल हो गया छात्रों से किया वादा भी नहीं निभाया।
3. CIMS एवं CIT निर्माण करने का वादा था - हम छत्तीसगढ़ के हर संभाग में एम्स की तर्ज पर
छत्तीसगढ़ इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (CIMS) एवं हर लोकसभा
क्षेत्र में आई.आई.टी. की तर्ज पर छत्तीसगढ़ इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी ( CIT)
का निर्माण करेंगे।
यह भी झूठा जुमला साबित।
4. कृषि उन्नति योजना- पूरे प्रदेश में एक भी पंचायत में नगदी आहरण
काउंटर स्थापित नहीं किया गया। 3100 रू. में कहीं भी भुगतान
नहीं किया गया। किसी पंचायत में नगदी भुगतान का काउंटर नहीं बना।
5. रिक्त शासकीय पदों पर भर्ती करने का वादा था - इस वादे के अनुसार
1 साल में 20 हजार युवाओं को रोजगार
मिलना था, नहीं मिला। उल्टे सरकारी नौकरियां बेची गयी।
6. 18 लाख प्रधानमंत्री आवास एवं घर-घर निर्मल जल अभियान का वादा था
- 1 भी नया आवास स्वीकृत नहीं किया।
7. तेंदूपत्ता संग्रहण दर एवं बोनस देने का वादा था- न समय बढ़ाया और
न ही चरणपादुका वितरित किया, उल्टे तेंदूपत्ता संग्राहकों के
लिये चलाई जाने वाली महेन्द्र कर्मा बीमा सुरक्षा योजना को बंद कर दिया।
8. दीनदयाल उपाध्याय कृषि मजदूर कल्याण योजना का वादा था - पूरे
प्रदेश में मात्र 1200 खेतिहर मजदूर के खाते में रकम गया
जबकि हितग्राही 10 लाख से अधिक है।
9. आयुष्मान भारत-स्वस्थ छत्तीसगढ़ का वादा था - अस्पतालों का भुगतान
नहीं करने के कारण आयुष्मान से ईलाज बंद है।
10. छत्तीसगढ़ उद्यम क्रांति योजना का वादा था - 1 वर्ष में किसी को ऋण नहीं मिला।
11. स्टेट कैपिटल रीजन (SCR) बनाने का वादा था
- सिर्फ हवाई वादा साबित हुआ 1 साल में कोई कार्ययोजना नहीं
बनाया।
12. इनोवेशन हब बनाने का वादा था - वादा भी भूल गये, कहां है इनोवेशन हब? चर्चा भी नहीं करते।
13. रानी दुर्गावती योजना का वादा था - हम प्रदेश में रानी
दुर्गावती योजना की शुरुआत कर बीपीएल वर्ग की बालिकाओं के जन्म पर 1,50,000
रू. का आश्वासन प्रमाण पत्र जारी करेंगे। इस योजना को भूल गये।
14. भ्रष्टाचार के खिलाफ आयोग - भ्रष्टाचार के विरोध जीरो टॉलरेंस
नीति बनाने का वादा था
1 हम भ्रष्टाचार के खिलाफ आयोग गठित करेंगे।
2 भ्रष्टाचार शिकायत निवारण व निगरानी रखने के लिए एक वेब पोर्टल
बनाएंगे।
3 प्रत्यक्ष कार्यवाही हेतु मुख्यमंत्री कार्यालय में एक सेल का गठन
करेंगे।
तीनों का कोई अता पता नहीं।
15. इन्वेस्ट छत्तीसगढ़ सम्मेलन करने का वादा था - हम इन्वेस्ट
इंडिया के तर्ज पर इन्वेस्ट छत्तीसगढ़ आयोजित करेंगे और वार्षिक वैश्विक स्तरीय
सम्मेलन कर देशी व विदेशी कंपनियों से निवेश आमंत्रित करेंगे।
एक भी सम्मेलन नहीं।
16. सरकार तुंहर दुवार का वादा था- हम प्रदेश में सरकार तुंहर दुवार
योजना के अंतर्गत ग्राम पंचायत और वार्ड स्तर पर 1.5 लाख
बेरोजगार युवकों को भर्ती कर प्रभावी घर पहुंच सार्वजनिक सेवा सुनिश्चित करेंगे।
इसमें भी युवाओं को ठगा।
17. शक्ति-पीठ परियोजना विकसित करने का वादा था - हम प्रदेश
में 1,000 किलोमीटर लंबी शक्ति-पीठ परियोजना की शुरूआत कर
छत्तीसगढ़ के पांच शक्ति पीठों को उत्तराखंड की चार धाम परियोजना की तर्ज पर विकसित
करने और जोड़ने का काम करेंगे।
धर्म के नाम पर भी ठगा।