छतरपुर : प्रशासन
की जनसुनवाई में शिकायती आवेदन पर गंभीरता से गौर हो, इसलिए लोग तरह तरह के जतन कर रहे हैं। मंगलवार को बुंदेलखंड से ऐसे ही दो
मामले सामने आए, जहां अतिक्रमण की शिकायत को लेकर छतरपुर में
एक महिला लुढ़कते हुए तो निवाड़ी में एक युवक पैड भरते हुए पहुंचा।
छतरपुर में जिला पंचायत सभाकक्ष में जनसुनवाई में
पहुंची पहरा गांव निवासी हीरामनि गुप्ता को परिसर में लगभग 25 फीट तक लुढ़कते हुए आते देख कलेक्ट्रेट के गेट पर पुलिसकर्मियों ने रोक
लिया। उसे समझाकर जनसुनवाई में पहुंचाया। उसका कहना था कि उसकी जमीन पर गांव के
दबंग ने कब्जा कर लिया है।
आखिर परेशान होकर इस तरह आना पड़ा
गौरिहार
में अफसरों के यहां स्वजन के साथ खूब चक्कर काटे लेकिन सुनवाई नहीं हुई। आखिर
परेशान होकर उसे इस तरह आना पड़ा। उसकी पट्टे की जमीन है। सालों से उसका परिवार
परेशान हो रहा है।
पीड़िता
के स्वजन दुर्गाप्रसाद, नंदकिशोर और नीरज ने
आवेदन में आरोप लगाए हैं कि राजाभैया, रामकिशुन, रामदीन रज्जू, लल्ला आदि निवासी खड्डी ने कब्जा कर
रखा है।
पैड भरते हुए पहुंचे
अधिकारी सीमांकन तक नहीं कर रहे हैं।
एडीएम मिलिंद नागदेवे ने सीमांकन के निर्देश अधिकारियों को दिए। उधर,
निवाड़ी में शासकीय जमीन को पटवारी से साठगांठ कर पट्टे की बताकर
किए गए अतिक्रमण को हटाने के लिए ओरछा निवासी जितेंद्र पैड भरते हुए पहुंचा।