रायपुर : महतारी वंदन योजना के तहत मिलने वाली 1,000 रुपये की मासिक राशि छत्तीसगढ़ की लाखों महिलाओं के लिए घर-गृहस्थी में मदद से कहीं ज्यादा साबित हो रही है। यह राशि कर्ज, स्वयं सहायता समूहों और आजीविका के अवसरों के साथ मिलकर महिलाओं की आय का स्थायी जरिया बन रही है।
महतारी वंदन योजना राज्य की सबसे
बड़ी योजनाओं में से एक है, जिसमें
लगभग 68 लाख महिला लाभार्थी शामिल हैं। इस योजना के तहत
लाभार्थियों को अब तक 31 किस्तों में 20,075.38 करोड़ रुपये जारी किए जा चुके हैं। इस साल राज्य के बजट में इस योजना के
लिए 8,200 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इसी योजना
की पूरक ’महतारी शक्ति ऋण योजना’ के
तहत नवंबर 2024 से अब तक लगभग 41,124 लाभार्थियों
ने 102.38 करोड़ रुपये के बिना गारंटी वाले स्वरोजगार ऋण का
लाभ उठाया है।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने
कहा, ष्इस योजना के तहत मिलने वाले लोन से
सब्जी बेचने, कारीगरी और दूसरे छोटे-मोटे काम करने वाली
महिलाओं को अपना कारोबार बढ़ाने और घर की आर्थिक स्थिति मजबूत करने में मदद मिलती
है। इससे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के श्लखपति दीदीश् के विजन को साकार करने में
भी मदद मिल रही है।ष्
इनकी कहानियां बनीं
मिसाल
रानू कैवर्त,
आंदी गांव, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही
सिलाई, कपड़े
और किराने के कारोबार के साथ-साथ बटेर और देसी मुर्गी पालन एवं हैचरी का काम करके
सालाना 3 लाख रुपये की आमदनी।
सीता मरावी,
गुडुमदेवारी
किराने की दुकान के लिए बैंक से 25
हजार और मुर्गी पालन के लिए स्वयं सहायता समूह से 50 हजार रुपये का लोन लेकर सालाना कमाई 2.5 लाख रुपये
तक पहुंचाई।
सुमन लता वाकरे,
गुडुमदेवारी
स्वयं सहायता समूह से 15
हजार रुपये लेकर किराने की दुकान शुरू की, बाद
में बैंक लोन से विस्तार किया। अब सालाना 1 लाख रुपये से
ज्यादा की कमाई।
केजू बाई सलामे,
रामगढ़, मोहला-मानपुर- अंबागढ़ चौकी
महतारी वंदन के हर महीने मिलने वाले 1,000
रुपये का इस्तेमाल किराने के सामान का स्टॉक भरने में करती हैं,
जिससे बिक्री बढ़ी और वे लखपति दीदी बनने की दिशा में आगे बढ़ रही
हैं।
13.85 लाख महिलाएं
बनीं लखपति दीदी
10 मार्च, 2024 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वर्चुअल मौजूदगी में शुरू हुई महतारी
वंदन योजना ने लखपति दीदी के लक्ष्य को हासिल करने में अहम भूमिका निभाई है।
प्रदेश में स्वयं-सहायता समूहों की 13.85 लाख महिला सदस्य
पहले ही लखपति दीदी की श्रेणी में शामिल हो चुकी हैं।
राज्य सरकार द्वारा लखपति दीदी भ्रमण
योजना के तहत भी बजटीय प्रावधान किया गया है, ताकि
लखपति दीदियां देश भर के व्यापारिक और आर्थिक केंद्रों के साथ-साथ प्रमुख
शक्तिपीठों का भी दौरा कर सकें।