रायपुर : छत्तीसगढ़ में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्र को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने की दिशा में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की आज महानदी भवन अटल नगर नवा रायपुर में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभाग की प्रमुख परियोजनाओं एवं गतिविधियों की विस्तृत समीक्षा करते हुए प्रमुख सचिव श्री सोनमणि बोरा ने उनके क्रियान्वयन की प्रगति का आकलन किया।
’साइंस सिटी और एआई
गैलरी जैसी महत्वाकांक्षी परियोजनाओं पर विशेष फोकस’
बैठक में रायपुर में प्रस्तावित
साइंस सिटी, रीजनल साइंस सेंटर,
विकसित की जा रही अत्याधुनिक एआई गैलरी तथा राज्य के विभिन्न जिलों
में प्रस्तावित साइंस पार्कों की स्थापना एवं विकास कार्यों की विस्तार से समीक्षा
की गई। इन परियोजनाओं के माध्यम से विद्यार्थियों, शोधार्थियों
और आमजन को आधुनिक, इंटरैक्टिव एवं अनुभवात्मक विज्ञान
शिक्षा उपलब्ध कराने तथा समाज में वैज्ञानिक दृष्टिकोण और नवाचार की संस्कृति को
बढ़ावा देने पर विशेष बल दिया गया।
’राष्ट्रीय स्तर के
विज्ञान सम्मेलन की तैयारियों की समीक्षा’
बैठक में वर्ष 2026-27
के दौरान रायपुर में आयोजित होने वाले 22वें
अखिल भारतीय विज्ञान संग्रहालय एवं विज्ञान केंद्र प्रमुख सम्मेलन की तैयारियों और
कार्ययोजना की भी समीक्षा की गई। यह सम्मेलन राष्ट्रीय विज्ञान संग्रहालय परिषद
(एनसीएसएम), संस्कृति मंत्रालय, भारत
सरकार के सहयोग से आयोजित किया जाएगा। सम्मेलन की तैयारियों को अंतिम रूप देने के
लिए एनसीएसएम के साथ शीघ्र संयुक्त समन्वय बैठक आयोजित करने के निर्देश दिए गए।
’समय-सीमा और गुणवत्ता
से कोई समझौता नहीं’
प्रमुख सचिव श्री सोनमणि बोरा ने सभी
परियोजनाओं को निर्धारित समय-सीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण करने के
निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य में आधुनिक विज्ञान अधोसंरचना के विकास को गति
देने के साथ-साथ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी आधारित जनजागरूकता,
नवाचार और एसटीईएम शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए सभी आवश्यक कार्य
समयबद्ध ढंग से सुनिश्चित किए जाएं।
’वैज्ञानिकों एवं
अधिकारियों ने लिया भाग’
बैठक में छत्तीसगढ़ विज्ञान एवं
प्रौद्योगिकी परिषद (सीसीओएसटी) तथा रीजनल साइंस सेंटर (आरसीएस),
रायपुर के वैज्ञानिकों एवं विभागीय अधिकारियों ने भाग लिया। बैठक
में विभिन्न परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए उनके प्रभावी क्रियान्वयन
के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए।