रेत उत्खनन पर कार्रवाई के लिए विभाग को शुभ मुहूर्त का इंतजार

योगेश कबुलपुरिया

रायगढ़| पुसौर के बड़माल में चल रहे रेत उत्खनन को खनिज विभाग का खुला प्रश्रय मिल रहा है यही कारण है कि शिकायतों के बाद भी कार्रवाई करना तो दूर विभाग के अधिकारी एक बार भी मौके पर झांकने तक नहीं पहुंचे हैं। शायद अधिकारियों को कार्रवाई के लिए किसी खास मुहूर्त का इंतजार है।

विदित हो कि पुसौर के बड़माल में पिछले लंबे समय से अवैध रूप से रेत उत्खनन का काम चल रहा है। इसको लेकर हर बार शिकायत आती है लेकिन कार्रवाई कुछ नहीं होता। सप्ताह भर पूर्व विभाग को शिकायत मिली थी, लेकिन अधिकारी अब तक कार्रवाई करना तो दूर मौके पर झांकने तक नहीं पहुंंचे हैं। इसके कारण रेत तस्करी के कार्य में संलिप्त लोगों के हौसले बुलंद हैं। वह लोग बेखौफ होकर रेत का अवैध उत्खनन व परिवहन कर रहे हैं। पिछले वर्ष भी इसी क्षेत्र से अवैध रेत उत्खनन बड़े पैमाने पर हुआ था और शिकायत के बाद जब खनिज विभाग ने कार्रवाई की थी तो दो से तीन जगह में करीब २ से ३ सौ ट्रेक्टर रेत जब्त की गई थी। इसके बाद से आज तक उस जगह न तो दोबारा कार्रवाई हुई न ही जांच की गई। इसके कारण तस्कर बेखौफ होकर बड़माल में रेत का अवैध उत्खनन व परिवहन किया जा रहा है।

कोलडीपो में अब तक कार्रवाई नहीं :- कोलडीपो में कोयले की अफरा-तफरी करने की शिकायत मिलने पर खनिज विभाग की टीम तत्काल मौके पर पहुंची थी और अवैध कोयला जब्त किया था, लेकिन अब तक उसमें कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसी तरह अन्य खनिजों के अवैध उत्खनन को लेकर शिकायत पर कार्रवाई की जाए तो इस पर लगाम लग सकता है, लेकिन अधिकारी इस पर ध्यान नहीं दे रहे हैं।

इसलिए नहीं कर रहे हैं कार्रवाई :- क्षेत्र के लोगों की माने तो रेत के अवैध उत्खनन के कार्य में संलिप्त लोग राजनीति से जुड़े हैं। वहीं दूसरी ओर देखा जाए तो इस क्षेत्र से निकलने वाले अवैध रेत का अधिकांश हिस्सा एनटीपीसी में खप रहा है। जिसके कारण खनिज विभाग इस क्षेत्र में रेत तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करने से कतरा रहे हैं।

“बड़माल में रेत के अवैध उत्खनन करने की शिकायत मिल रही है। जल्द ही मौके पर टीम को भेजकर जांच कराई जाएगी”।

एसएस नाग, उप संचालक ख.वि.

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