शिक्षा और कौशल उन्नयन के लिए राज्य सरकार से  ईरानियों को मिलेगी हरसंभव मदद: डॉ. रमन सिंह

०० मुख्यमंत्री को ईरानी जमात ने किया ‘छत्तीसगढ़ रत्न’ अलंकरण से सम्मानित

०० खानाबदोश जिंदगी से निकाल कर साफ-सुथरी कॉलोनी की  सौगात देने पर जमात ने डॉ. रमन सिंह को दिया धन्यवाद

रायपुर | मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह से कल रात यहां उनके निवास कार्यालय में छत्तीसगढ़ ईरानी जमात के प्रतिनिधि मंडल ने सौजन्य मुलाकात की और उन्हें जमात की ओर से ‘छत्तीसगढ़ रत्न’ अलंकरण से सम्मानित किया। प्रतिनिधि मंडल ने कहा-राजधानी रायपुर के पंडरी इलाके में विगत कई पीढि़यों से झुग्गी झोपडि़यों में खाना-बदोश जिंदगी गुजार रहे 112 ईरानी परिवारों को मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की विशेष पहल पर बीएसयूपी योजना के तहत यहां वार्ड नंबर-26 (कुशाभाऊ ठाकरे वार्ड) में एक साफ-सुथरी कॉलोनी की सौगात मिली है, जहां पक्के मकानों के साथ सीसी रोड, बिजली और पानी की भी सुविधा दी गई है। इन परिवारों के लगभग 500 सदस्यों को इसका लाभ मिल रहा है। 
ईरानी जमात के प्रतिनिधि मंडल ने इसके लिए मुख्यमंत्री के प्रति आभार प्रकट करते हुए कहा कि डॉ. रमन सिंह छत्तीसगढ़ के सभी समाजों की अंतिम पंक्ति के लोगों की बेहतरी के लिए काम कर रहे हैं। ईरानी जमात उन्हें इसके लिए ‘छत्तीसगढ़ रत्न’ अलंकरण से सम्मानित कर रहा है। प्रतिनिधि मंडल ने कहा कि रायपुर शहर में मुख्यमंत्री की पहल पर निर्मित ईरानी कॉलोनी का नामकरण एकात्म मानववाद के प्रवर्तक दीनदयाल उपाध्याय के नाम पर किया गया है। डॉ. रमन सिंह ने प्रतिनिधि मंडल से कहा कि ईरानी जमात को छत्तीसगढ़ में निवास कर रहे ईरानियों की नई पीढ़ी की शिक्षा और उनके कौशल उन्नयन पर ध्यान देना चाहिए ताकि उनके बच्चे अच्छी से अच्छी शिक्षा प्राप्त करें और विभिन्न व्यवसायों में हुनरमंद बनकर रोजगार और स्व-रोजगार हासिल कर आत्मनिर्भर बन सकें। उन्होंने ईरानी बालिकाओं की शिक्षा पर भी विशेष ध्यान देने का आग्रह किया। मुख्यमंत्री ने कहा-इसके लिए राज्य सरकार द्वारा विभिन्न योजनाओं के तहत उन्हें हरसंभव सहयोग दिया जाएगा। उन्होंने जमात के ज्ञापन पर उनकी नई कॉलोनी में अहाता निर्माण के लिए भी सहयोग का वादा किया। ईरानी जमात के प्रतिनिधि मंडल में पेश इमाम, हाजी मौलाना हसन अब्बास, जमात के संरक्षक श्री मोहम्मद शमीम, अध्यक्ष श्री यावर युसुफ अली, महासचिव डॉ. हाजी मोहसिन अली सुहैल, सह सचिव श्री शहाबुद्दीन जाकिर सहित सर्वश्री हुसैन अली, मोहम्मद हसन, अमान एजाज, वसीम भाई, प्रीतम भाई और अलताफ सुलेमान भी शामिल थे। डॉ. रमन सिंह ने उनसे चर्चा के दौरान यह जानकर खुशी जतायी कि ईरानी परिवारों के कुछ युवाओं ने हायर सेकेंडरी और कॉलेज की भी पढ़ाई की है। उन्होंने ईरानी जमात के प्रतिनिधि मंडल से छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों में निवास कर रहे ईरानियों का भी हाल-चाल पूछा। ईरानी जमात रायपुर के अलावा जिला मुख्यालय बिलासपुर में 120, रायगढ़ में 100, अम्बिकापुर में 90, कवर्धा में 15 और दुर्ग में 25 से 30 परिवार निवास कर रहे हैं। डॉ. सिंह ने कहा कि वास्तव में ईरानी लोग छत्तीसगढ़ में काफी मेहनत से जीवन-यापन कर रहे हैं। वर्षों बाद उन्हें रायपुर शहर में एक स्थायी कॉलोनी मिली है। मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधि मंडल से चर्चा के दौरान अपने गृहनगर कवर्धा में रहने वाले कुछ ईरानी परिवारों का भी हाल-चाल पूछा। 

 

error: Content is protected !!