देशी-विदेशी मदिरा दूकान में कार्यरत सेल्समेनो ने लगाई कलेक्टर व एसपी से न्याय की गुहार

०० सेल्समैन सुपरवाइजर सहित अन्य कर्मचारियों को पिछले 5 महीनों से पड़े वेतन के लाले

०० ईगल हंटर सर्विस सेंटर द्वारा किया जा रहा है कर्मचारियों का मानसिक एवं शारीरिक शोषण
बिलासपुर| कोटा सहित जिले के देशी-विदेशी शराब दुकानों में काम करने वाले सेल्समेन, सुपरवाइजरो ने ईगल हंटर सर्विस सेंटर के संचालक द्वारा मानसिक व शारीरिक शोषण किये जाने का आरोप लगाया है| सेल्समेन, सुपरवाइजरो ने इस मामले को लेकर जिला कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक, आबकारी अधिकारी, श्रम अधिकारी व मानवाधिकार आयोग को शिकायत कर न्याय दिलाने की गुहार लगायी है|  

देशी-विदेशी शराब दुकानों में कार्यरत सेल्समेन व सुपरवाइजर देवेन्द्र शर्मा, हरीशचंद्र अनंत, नवीन टंडन, भूपेंद्र सिंह, आकाश शर्मा ने बताया कि बिलासपुर जिले में देशी व अंग्रेजी शराब दुकान मिलाकर लगभग 71 शराब की दुकानें है, जहा काम करने वाले सुपरवाइजर, सेल्समेन के अलावा अन्य कर्मचारी भी सेवारत हैं जिसे आबकारी विभाग की देखरेख में ईगल हंटर सर्विस द्वारा जिले की पूरी शराब दुकान को मॉनिटर किया जा रहा है| ईगल हंटर सर्विस सलूशन सेंटर द्वारा सेल्समैन से बीस हज़ार अन्य कर्मचारी से दस हज़ार का अमानत राशि के रूप में ईगल हंटर सर्विस सलूशन सेंटर द्वारा जमा कराया गया अप्रैल 2017 से वर्तमान तारीख तक पर नही शराब दुकानों में काम करने वाले सुपरवाइजरों, सेल्समैन व अन्य कर्मचारी का पीएफ कटता है, ना ही मेडिकल कार्ड बना है, यहां तक की पीने का पानी भी उपलब्ध नहीं है, जबकि शराब दुकानें जहां पर स्थित हैं उसका किराया ही महीने का 30 से 35 हज़ार है, उसके अलावा वहां पर लगने वाले चखने दुकान सहित अहाता का भी 30 हज़ार किराया है महीने में इतने सारे आवक होने के बावजूद भी अब तक जिले की काफी सारे शराब दुकानों के सेल्समैन, सुपरवाइजर व अन्य कर्मचारियों के वेतन उन्हें अब तक प्राप्त नहीं हुए हैं| वेतन ना मिलने की स्थिति के बारे में पूछने पर बताया जाता है की दुकानों में सुपरवाइजरों सेल्समैन के ऊपर लगभग 5 लाख से ऊपर का डिफरेंट राशि निकलने के कारण उनके वेतन रोक दिए गए हैं साथ ही उनके द्वारा जमा अमानत राशि मनी को भी वापस नहीं किया जा रहा है,शराब दुकान में काम करने वाले सुपरवाइजरों ,सेल्समेन ,सहित अन्य कर्मचारियों ने बताया कि ईगल हंटर सर्विस सलूशन सेंटर के कर्मचारी व अधिकारियों द्वारा धमकी दी जा रही है साथ ही मारपीट भी किया जा रहा इसके अलावा थाने में एफआईआर की धमकी भी दी जा रही है ,इस पूरे प्रकरण की जानकारी आबकारी विभाग के आला अधिकारियों को दी जा चुकी है पर आबकारी विभाग भी मौन है, आबकारी विभाग के मौन रहने से यह संदेह और भी गहरा होता जा रहा है कि ईगल हंटर सर्विस और आबकारी विभाग की मिलीभगत से यह खेल खेला जा रहा है।

ईगल हंटर सर्विस कंपनी कर रही कर्मचारियों का मानसिक  शारीरिक शोषण:- बिलासपुर जिले में लगभग 71 शराब दुकानें हैं,अगर एक शराब दुकानों में 6 लोग भी कार्यरत हैं, तो लगभग 1लाख सिक्योरिटी डिपाजिट के हिसाब से लगभग 71 शराब दुकानों का 71 लाख होता है और यह 71लाख रुपए अप्रैल 2017 से ईगल हंटर सर्विस सलूशन सेंटर के पास जमा है,अगर शराब दुकान चलाने वाली ईगल हंटर सर्विस कंपनी यह सभी डिपॉजिट राशि को बैंक में भी जमा किया गया होगा तो बैंक के ब्याज के हिसाब से लगभग एक करोड़ के आसपास यह राशि हो गई होगी पर शराब दुकानों में सुपरवाइजर और सेल्समेन के ऊपर ही माइनस में राशि दिखाने के बाद ईगल हंटर सर्विस कंपनी द्वारा शराब दुकान में काम करने वाले सुपरवाइजर सेल्समेन और अन्य कर्मचारियों को मानसिक एवं शारीरिक रूप से परेशान किया जा रहा है। जिससे कि शराब दुकान में काम करने वाले सुपरवाइजर सेल्समेन और अन्य कर्मचारी काफी भयभीत व तनाव में है|

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