जिला बालोद ए एस आई पर लगे गंभीर आरोप

खिलानन्द नागे (बालोद) बालोद जिला अंतर्गत गुरुर थाना क्षेत्र के ग्राम अरमरीकला निवासी अग्रहिज नागवंशी ने लगाया गुरूर थाना के ए एस आई पर गंभीर आरोप बालोद कलेक्टर को दिए शिकायत पत्र में कहा कि शिक्षा विभाग से सेवा निवृत होने के बाद ग्राम पंचायत अरमरीकला का सरपंच पद का दायित्व ईमानदारी पूर्वक किया हूं जिसके कारण से गांव के कुछ असामाजिक तत्वों के लोगों द्वारा अनेक प्रकार के षड़यंत्र रच कर मुझे व मेरे परिवार को शारीरिक एवं मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है मेरी पुत्र वधु गीता बाई 11.4.16 को घर से कंडा लाने गौठन गई थी लेकिन वहां से वापस नहीं आई आस पास रिश्तेदारों के यहाँ पता करने से कोई पता नहीं चल पाया तभी मेरे पड़ोस में रहने वाले पोसन सोनी की पत्नी त्रिवेणी बाई सोनी द्वारा बताया गया कि उसका पति भी उसी समय से गायब है इसी दौरान 13.4.16 को मेरा पुत्र गोपी द्वारा थाना गुरूर में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराया गया है उसी रात्रि लग भग 9 बजे गीता बाई पोषण सोनी के साथ वापस आया जिसकी सूचना मेरे पुत्र गोपी द्वारा गुरूर थाना मे दिया गया था उसके बाद भी गुरूर थाने में पोषण सोनी के ऊपर कोई कार्यवाही नहीं की गई चूंकि वह दोनों गीता बाई और पोषण सोनी पति पत्नी की तरह ओम प्रकाश शर्मा के घर में किराए के मकान में रह रहे है मेरे पुत्र गोपी नागवंशी ने आदिवासी परम्परा के अनुसार अपनी पत्नी गीता बाई से विवाह विःछेद कर लिया है पोषण सोनी गीता बाई ओम प्रकाश शर्मा संतोषी शर्मा ने षड़यंत्र रच कर 29. 7.2016 को गुरूर थाना मे झूठा रिपोर्ट दर्ज कराया है जिसमें कहा गया है कि गोपी नागवंशी ने रात्रि में गीता बाई के साथ गाली गलौज कर मारपीट किया गया है जो कि पूरा झूठ है झूठी सूचना की बिना जांच किए थाना प्रभारी गुरूर ने मेरे व मेरे पुत्र के विरुध्द अपराध दर्ज कर दिया गया पोषण सोनी के उकसाने के प्रभाव में आकर मेरी तलाक शुदा बहू जो कि 11.4.16 से मेरे पुत्र का त्याग करके पोषण सोनी की पत्नी बनकर रह रही है और उसने धारा 12 के तहत न्‍यायलय में परिवाद पेश किया गया है 13. 1.18 को पोषण सोनी गीता बाई नारद साहू दूकाल तीजू राम गरीब राम पुरुषोत्तम गंगबेर रामजी साहू रेणुका बाई ओम प्रकाश शर्मा संतोषी शर्मा अरमरीकला सुभाष मिश्रा कोस्‍गोंदी के साथ सांठ गांठ करके गुरूर थाना के ए एस आई धरम भूआर्या ने मुझे और मेरे पुत्र भीशम सिंह को बिना किसी जांच के न्यायलय में पेश करने के लिए नोटिस भिजवाया 25.12.17 को धरम भूवर्या ए एस आई और उमा शंकर सिन्हा शाम 5.25 आया और गीता बाई की शिकायत पर ब्यान लेने गुरूर थाना बुलाया गुरूर जाने संबंधी नोटिस जारी किया जाना था मगर बिना नोटिस दिए थाना चलने कहा 28. 12. 17 को जब थाना गया तो पता चला कि मेरे व मेरे पुत्र के विरुध्द अपराध दर्ज कर दिया गया था तीजू राम के प्रकरण में समझौता करने के लिए दबाव बनाया जा रहा था ए एस आई द्वारा मुंह बंद करके बैठ नहीं तो लॉकप में बंद करके बेदम पिटाई करने की बात कहा जा रहा था साजिश कर्ताओं द्वारा मेरे परिवार के सदस्यों को शारीरिक एवं मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है मेरे द्वारा पंचायत एवं आदिवासी समाज में मेरा कार्य नि स्वार्थ भाव से किया था लेकिन कुछ लोगो द्वारा मुझे जबर्दस्ती परेशान किया जा रहा है जिससे पूरा परिवार भय भीत है क्या सच्चाई से कार्य करना या फिर आदिवासी होना गुनाह है कृपया मुझे न्याय दिलाया जाय।

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