जिला पंचायत मे शिकायत करने के बाद भी नही होती कार्यवाही

 

जिला पंचायत सीईओ के पास नही है। ग्रामीणों से मिलने का समय                                                       (कोरिया) जनपद पंचायत खड़गवां के विधायक आदर्श ग्राम उधनापुर मे वर्ष 2013-14 मे 9 लाख की लागत से 21 नग अंडर ग्राउंड टाइप का निर्माण कराया गया है। जिसकी जानकारी सूचना के अधिकार अधिनियम के तहत मांगी गई। जन सूचना अधिकारी जनपद पंचायत खड़गवां द्वारा दिनांक 18-11-2016 को जानकारी दी गई जिसमें 2.848 लाख मजदूरी मे और 1.326 लाख सामग्री मे कुल 4.174 लाख की राशि खर्च की जानकारी दी गई अन्य राशि की कोई जानकारी नही दी गई आवेदनकर्ता द्वारा दिनांक 22-04-2017 को फिर से आवेदन प्रस्तुत कर अंडर ग्राउंड निर्माण के लिए कितनी राशि स्वीकृत हुई थी। कितनी मजदूरी व सामग्री मे खर्च की गई है। शेष राशि और MB बिल बाउचर की छायाप्रति मांगी गई थी। जिसमे जन सूचना अधिकारी द्वारा आवेदक को जानकारी दी गई कि तत्कालीन शाखा प्रभारी कुशल रात्रे कार्यालय पत्र के माध्यम से फाइल नस्ती उपलब्ध कराने हेतु कहा गया है जिस मे तत्कालीन शाखा प्रभारी द्वारा समस्त प्रभाव वर्तमान लेखापाल को दिए जाने की बात कही गई वर्तमान लेखापाल श्रीमती देवेंद्र कुमारी द्वारा नस्ती से संबंधित भंडार का निरीक्षण किया गया वर्तमान में लेखापाल द्वारा ऑफिस मे फाइल नही होने की बात कही गई तत्कालीन कार्यक्रम अधिकारी जितेंद्र राजवाड़े को फाइल नस्ती उपलब्ध कराने हेतु कार्यालय पत्र जारी किया गया जिसमे संबंधित के द्वारा शाखा प्रभारी के पास फाइल नस्ती होने की बात कही गई जिससे साफ लगता है। कि गबन किए हुए राशि की जानकारी छुपाने के लिए ऑफिस से फाइल गायब कर दी गई है। इस संबंध में आवेदन कर्ता द्वारा जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को दिनांक 14-6-2017 को को पत्र द्वारा अवगत कराया गया इस संबंध मे 6 माह बीत जाने के बाद भी कोई कार्यवाही नही हुई और दिनांक 11-12-2017 को आवेदक कर्ता चंद्रकांत गढ़वाल द्वारा दोबारा मुख्य कार्यपालन अधिकारी से मिलने गए तो मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने मिलने से मना कर दिया जिससे साफ लगता है कि भ्रष्टाचार को छुपाने के लिए अधिकारियों द्वारा कोई जांच नहीं की जा रहा। जबकि मेरे द्वारा विधायक आदर्श ग्राम उधना पूर्व मे हुई। अनियमितता की शिकायत दिनांक 14-6-2017 को मुख्य कार्यपालन अधिकारी से की गई थी उनके द्वारा 7 दिनों मे कार्यवाही करने की बात कही गई थी पर 6 माह बीत जाने के बाद भी अभी तक किसी भी प्रकार से कोई कार्यवाही नही की गई है। इस मामले का पता जब धमाका36. कॉम को चला तो हमारे संवाददाता ने कई बार जिला पंचायत सी ई ओ से सम्पर्क करने कि कोशिश कि लेकिन मेडम इतनी व्यस्त है। कि उनके पास न ही मिलने का और न ही फोन रिसीव करने के लिए समय है। आवेदक चंद्रकांत गढ़वाल ने थक हार कर इसकी शिकायत मुख्यमंत्री जनदर्शन में करने कि बात कही है।।

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