गोबरीपाट सरपंच पति गिरफ्तार, कोटा पुलिस की त्वरित कार्यवाही

०० कोटा थाने के अंदर से पत्रकारों को देख लेने के इशारे कर रहा था   सरपंच पति नशे में धुत्त था।

करगीरोड कोटा| विगत दिनों विकासखंड कोटा के अंतर्गत ग्राम पंचायत गोबरीपाठ के सरपंच पति द्वारा समाचार प्रकाशन को लेकर गोबरीपाट के ही युवा पत्रकार संजय बंजारे के घर में जा कर उस की अनुपस्थिति में उसके पिताजी के सामने गाली गलौज व जान से मारने की धमकी सरपंच पति मान सिंह उर्फ कठलू के द्वारा दिया गया था। जिसके पश्चात पत्रकार संजय बंजारे द्वारा कोटा प्रेस के साथी पत्रकारों को इसकी जानकारी दी गई थी जिसके बाद कोटा प्रेस संघ द्वारा पीड़ित पत्रकार के साथ जाकर कोटा थाने में थाना प्रभारी के नाम  मानसिंह सरपंच पति उर्फ कल्लू के नाम से लिखित शिकायत दर्ज कराई गई थी उसके बाद कोटा प्रेस के साथ ही बिलासपुर प्रेस के संगठनों को भी इसकी जानकारी दी गई थी लिखित शिकायत के बाद थाना प्रभारी कोटा द्वारा पीड़ित पत्रकार के बयान वा गवाह के बयान दर्ज करने के पश्चात सरपंच पति को आज गिरफ्तार कर थाने लाया गया जहां पर सरपंच पति के खिलाफ धारा 151 का प्रकरण दर्ज कर उसे तहसील न्यायालय में पेश किया गया।
ग्राम पंचायत गोबरीपाट के सरपंच पति व सचिव के द्वारा शासकीय पैसो का दुरूपयोग किया गया था जिसकी शिकायत कोटा जनपद सीईओ को की गई थी जिसमें की पेंशन,आवास शौचालय, निर्माण,पंचायत निधि, नल जल योजना ,13वें वित्त, 14 वे वित्त, पंच सरपंच मानदेय, मंच निर्माण,संकुल केंद्र,नाली निर्माण, फर्नीचर क्रय, यात्री प्रतीक्षालय, मूलभूत योजना, फोटोकॉपी मशीन ,व्यवसायिक परिसर, स्टेशनरी,  रेनवाटर हार्वेस्टिंग, सहित शासन द्वारा शासन द्वारा लाखो रुपये प्रदत राशि का पंचायतों में पंचायत के जनहित के कार्यों में सचिव के साथ मिलकर सरपंच पति के द्वारा दुरुपयोग किया गया था जिसपर जनपद सीईओ द्वारा जांच करवाई गई, व कार्यवाही जारी है पूर्व जनपद सीईओ हिमांशु गुप्ता द्वारा इसके जांच के आदेश दिए गए थे जिस पर वर्तमान सीईओ प्रशिक्षु आईएस विनय कुमार द्वारा कार्यवाही करने की बात कही गई है इसी बात को लेकर अखबारों में खबरें प्रकाशक प्रकाशित होने पर सरपंच पति द्वारा पत्रकार को गाली गलोज व देख लेने की धमकी दी गई थी जहां तक सूत्रों से खबर है,कि जांच की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है व जनपद सीईओ द्वारा ग्राम पंचायत गोबरीपाट के सरपंच के खिलाफ धारा 40 के तहत अनुविभागीय विभागीय अधिकारी राजस्व  कोटा को प्रतिवेदन प्रेषित कर कार्यवाही की अनुशंसा कर सकती है। ग्राम पंचायत गोबरीपाट के जनप्रतिनिधि व पंच भी सरपंच पति के पंचायत के कार्यों में हस्तक्षेप से नाराज थे उनके द्वारा भी कई बार इसकी शिकायत मीडिया के माध्यम से की गई थी। चूंकि गोबरीपाट की सरपंच महिला है पर पंचायत के हर कामों में सरपंच पति की भूमिका रहती है पूर्व में इंदिरा आवास भी सरपंच पति के मां के नाम से निकला था।वह वर्तमान में भी प्रधानमंत्री आवास सरपंच पति मान सिंह के नाम आवंटित है। गोबरीपाट ग्राम पंचायत के कई ऐसे गरीब परिवार हैं जिनको प्रधानमंत्री आवास की ज्यादा आवश्यकता है उनकी भी शिकायत रही की प्रधानमंत्री आवास के लिए सरपंच पति द्वारा हम से पांच से दस हजार की मांग भी की गई थी पैसे ना देने के कारण हमारा नाम प्रधानमंत्री आवास से काट काट दिया गया था।सरपंच पति सुबह से ही शराब के नशे में धुत रहता है अगर कोई हितग्राही या पत्रकार द्वारा इस बारे में उनका पक्ष जानने की कोशिश करती है तो उल्टा वह पत्रकारों को ही धमकाने लगता है गोबरीपाट ग्राम पंचायत में भ्रष्टाचार चरम पर है अब देखना यह है कि जनपद पंचायत सीईओ द्वारा ग्राम पंचायत गोबरीपाट के सरपंच के खिलाफ धारा 40 के लिए अनुभागीय अधिकारी राजस्व को प्रतिवेदन पेश करती है कि नहीं।

error: Content is protected !!