केवटाडीह टांगर सरपंच के विरूद्ध ग्रामीणों ने की कलेक्टर जनदर्शन में तीन माह में दूसरी बार शिकायत

०० केवटाडीह सरपंच के खिलाफ की गयी पिछली शिकायत का जांच प्रतिवेदन अब तक है अप्राप्त

०० शासन के लाभ के पदों पर है सरपंच निर्मलादेवी राय व पति महेंद्र सिंह राय

०० सरपंच ने कराया गुणवत्ताहीन नाली निर्माण, छ: माह में ही धरासाही हुआ नवनिर्मित नाली

बिलासपुर। जनपद पंचायत मस्तुरी के अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत केवटाडीह टांगर के दर्जनों ग्रामीणों ने जिला मुख्यालय से 50 किमी की दुरी तय कर कलेक्टर जनदर्शन में आए और उन्होंने गांव की सरपंच निर्मला राय एवं उसके पति महेन्द्र राय पर गंभीर आरोप लगाते हुए जनदर्शन में बैठे अधिकारियों से निवेदन किया की जब पूर्व में शिकायते हो चुकि है जांच भी हुई है तब सरपंच के खिलाफ कार्रवाई क्यों नही होती।

जनदर्शन में आए ग्रामीणों ने बताया कि सरपंच के विरूद्ध अविश्वास प्रस्ताव हो चुका था, पर मामले को तकनिकी आधार पर खारिज कर दिया गया। कल सौंपी गई शिकायत में ग्रामीणों ने कहा है कि सरपंच ने फर्जी मस्टररोल बना कर पैसे का गबन किया। शौचालय निर्माण में अधुरे निर्माण पर भुगतान किया। बिना निर्मण पूरा भुगतान कर दिया ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि सरपंच ने प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत हितग्राहियों से जमकर वसूली की है। केवटाडीह टांगर में गंगा सागर तालाब से लेकर मुख्य मार्ग तक रोड का निर्माण मनरेगा के तहत हुआ था। आज एक वर्ष बाद भी मज़दूरी भुगतान नही हुआ है। सांसद मद से स्वीकृत हैंडपंप जो सार्वजनिक उपयोग के लिए था उसे अपने खेत पर लगाया। ग्रामीणों ने कहा कि शासकीय उचित मुल्य की दुकान सरपंच ही संचालित कर रहा है इस कारण पीडीएस में गड़बड़ी होती है। ग्रामीणों ने इसके पूर्व ही 17 सितंबर को जनदर्शन में ही शिकायत की थी। जिसका टोकन क्रमांक 070117001960 है। जिसमें विधवा पेंशन राशि एवं पंचों के मानदेय में गड़बड़ी के भी आरोप है। तब अतिरिक्त कलेक्टर कुजंाम ने एसडीएम मस्तूरी को जांच प्रतिवेदन भेजने निर्देशित किया था पर तीन माह बीत जाने के बाद भी जांच प्रतिवेदन अप्राप्त है।

सरपंच स्वयं मितानिन व सरपंचपति स्कूल में स्वीपर के पद पर है काबिज :- ग्राम पंचायत केवटाडीह टांगर सरपंच निर्मला देवी द्वारा शासन की योजनाओ में जमकर फर्जीवाडा कर भ्रष्टाचार किया जा रहा है वही शासन के मितानिन पद पर विराजमान होकर दुगुना लाभ लिया जा रहा है| टांगर सरपंचपति महेंद्र सिंह राय भी ग्राम के स्कूल में स्वीपर के पद पर पदस्थ है मगर महेंद्र सिंह राय द्वारा स्कूल में कभी भी अपनी सेवाए नहीं देते साथ ही कर्तव्य के निर्वहन को लेकर स्कूल के कर्मचारियों व शिक्षको को धमकी देते हुए शिकायत या कार्यवाही नहीं किये जाने का दबाव भी बनाया जाता है| स्कूल में स्वीपर के पद पर पदस्थ है महेंद्र सिंह राय द्वारा शासन के पद पर पदस्थ होकर कार्य नहीं कर हर माह वेतन का आहरण किया जा रहा है जिसकी जांच होनी आवश्यक है|

लाखो के मद से गुणवत्ताहीन नाली निर्माण, छ: माह में हुआ धराशाही:- ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम पंचायत केवटाडीह टांगर में सरपंच द्वारा 9 सौ मीटर नाली का निर्माण लगभग 12 लाख की मद से कराया था जो कि नाली निर्माण के महज छ: माह के दौरान ही धराशाही हो गया| इस नाली निर्माण में सरपंच द्वारा जमकर भ्रष्टाचार करते हुए गुणवत्ताहीन सामग्रियों का उपयोग किया था साथ ही इस निर्माण कार्य में जमकर कमीशनखोरी भी की गयी थी जिसके चलते नाली निर्माण के महज छ: माह के दौरान ही धराशाही हो गया|

 

प्रधानमंत्री आवास निर्माण में घूसखोरी की शिकायत :- सरपंच तथा सरपंच पति द्वारा प्रधानमंत्री आवास निर्माण में प्रति हितग्राही दस हजार रूपये लेने का आरोप ग्रामीणों ने लगाया है| प्रधानमंत्री आवास योजना की हितग्राही बद्रीका बाई के द्वारा सरपंच को प्रधानमंत्री आवास निर्माण के लिए दस हजार रूपये देने की बात कही साथ ही अन्य प्रधानमंत्री आवास हितग्राही रूहीबाई से भी दस हजार रूपये प्रधानमंत्री आवास हेतु सरपंच को पैसे देने की बात कही ।

मनरेगा में फर्जी मस्टररोल से सरपंच ने किया राशि आहरण:-  ग्राम पंचायत केवटाडीह टांगर सरपंच द्वारा मनरेगा में फर्जी मस्टररोल से राशि आहरण किया गया है, ग्रामीणों ने सूचना का अधिकार के तहत जानकारी प्राप्त कर इस मामले की शिकायत अधिकारियो से की है। ग्रामीणों नें बताया कि मनरेगा 2015-16 अंतर्गत कराये गए कार्य के मस्टररोल में 22 फर्जी नाम डालकर राशि आहरण कर लिया गया है जिसमें सकून बाई, कांशी राम, हरभजन, समेलाल, रूपराम, रम्भा, रेशम, हरीबाई, मधु, अर्जुन, रामरतन, कौशिल्या, गुहाराम, तिलक राम, जीवनलाल, संतू, अरूण, मोहरसाय, गोपीचन्द, भोला के नाम से आहरण करने की शिकायत किया गया है। ग्रामीणों नें बताया कि इस फर्जीवाडे की शिकायत कलेक्टर जनदर्शन टोकन क्र  070117001960 में किया गया था, जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी, लोकपाल मनरेगा, पुलिस अधिक्षक, पुलिस महानिदेशक को किया गया था जिसका अब तक कोई निराकरण नहीं किया गया है।

सरपंच पति द्वारा किया जाता है ग्रामीणों पर दबंगई :- सरपंच तथा सरपंच पति को मिली उच्च अधिकारियों तथा राजनीतिक संरक्षण के दम पर दस से बारह पंचों के एकता और ग्रामीणों को गाली गलौज, मारने की धमकी उच्च सांठगांठ का हवाला देकर भ्रष्टाचार किया जाता है साथ ही महिलाओं का अपमान कर उन्हे दबंगई दिखाया जाता है जिस पर किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं हुआ। ग्रामीणों नें जिलाधिकारियो के द्वारा संतोषजनक कार्रवाई नहीं करने पर बिलासपुर जिला अपर कलेक्टर से लेकर, अनुविभागीय अधिकारी मस्तूरी, नायब तहसीलदार मस्तूरी, सरपंच केवटाडीह टांगर की शिकायत लोक आयोग रायपुर में किया जिसका अबतक कोई उच्चस्तरीय कार्रवाई नही हुआ।

 

 

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